रायपुर कमिश्नरेट के सेंट्रल जोन में विशेष अभियान, गुंडा-बदमाशों की चेकिंग से लेकर कोटपा और आबकारी एक्ट तक कार्रवाई
📡36garhnewsupdate.com


रायपुर, 11 अगस्त 2026
रायपुर कमिश्नरेट के सेंट्रल जोन में अपराधों की रोकथाम और कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के उद्देश्य से मंगलवार को विशेष अभियान चलाया गया। डीसीपी सेंट्रल जोन तारकेश्वर पटेल के निर्देशन एवं एडिशनल डीसीपी विवेक शुक्ला के मार्गदर्शन में चलाए गए अभियान के दौरान असामाजिक तत्वों, निगरानीशुदा एवं गुंडा-बदमाशों की चेकिंग के साथ विभिन्न कानूनों के तहत प्रभावी कार्रवाई की गई।
अभियान सेंट्रल जोन के सिविल लाइन, देवेन्द्र नगर, तेलीबांधा, कोतवाली, गोलबाजार, मौदहापारा एवं गंज थाना क्षेत्रों में चलाया गया। पुलिस टीमों ने क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्तियों और आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त लोगों की जांच-पड़ताल की तथा निगरानीशुदा एवं गुंडा-बदमाशों की गतिविधियों पर विशेष नजर रखी।

142 निगरानीशुदा एवं गुंडा-बदमाशों की चेकिंग
अभियान के दौरान निगरानीशुदा एवं गुंडा-बदमाशों के विरुद्ध कुल 142 चेकिंग की गई। इनमें 121 व्यक्तियों की उपस्थिति दर्ज की गई, जबकि 22 व्यक्ति फरार, 36 जेल में निरुद्ध, 01 अदम पता तथा 08 व्यक्ति अन्य स्थानों पर बाहर पाए गए।
चाकूबाजी और उपद्रवी गतिविधियों पर कार्रवाई
पुलिस ने अभियान के दौरान चाकूबाजी के 01 प्रकरण में कार्रवाई की। इसके अलावा अवैध एवं उपद्रवी गतिविधियों से संबंधित 05 मामलों में भी कार्रवाई की गई।
वहीं, BNSS की धारा 170/126, 135(3) एवं 151 के तहत कुल 17 प्रकरणों में 19 व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई की गई।

कोटपा एक्ट के तहत 70 प्रकरण
सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान एवं तंबाकू उत्पादों के अवैध उपयोग पर रोक लगाने के लिए भी पुलिस ने कार्रवाई की। अभियान के दौरान कोटपा एक्ट के तहत 70 प्रकरणों में कार्रवाई की गई।
इसके अलावा अवैध शराब से संबंधित मामलों में आबकारी एक्ट के तहत 03 प्रकरण दर्ज कर 03 व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई की गई।
अपराधों की रोकथाम पर लगातार निगरानी
रायपुर सेंट्रल जोन पुलिस द्वारा विशेष अभियानों के माध्यम से गुंडा-बदमाशों, निगरानीशुदा व्यक्तियों और संदिग्ध गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। पुलिस का उद्देश्य अपराध की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण के साथ सार्वजनिक स्थानों पर कानून-व्यवस्था बनाए रखना और आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी और आपराधिक एवं असामाजिक गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।



