बजट में घोषित कैशलेस चिकित्सा योजना को कैबिनेट में जल्द मंजूरी दिलाने तेज हुए प्रयास
Efforts Intensify to Get Cabinet Approval for Cashless Medical Scheme Announced in Budget

36गढ़ न्यूज अपडेट,,,,
सारंगढ़-बिलाईगढ़। राज्य सरकार द्वारा बजट में घोषित कैशलेस चिकित्सा योजना को शीघ्र लागू कराने के लिए कर्मचारी संगठनों की सक्रियता तेज हो गई है। कैशलेस चिकित्सा कर्मचारी कल्याण संघ ने 15 अप्रैल को प्रस्तावित कैबिनेट बैठक में इस योजना को मंजूरी दिलाने के लिए अपने प्रयास तेज कर दिए हैं।
संघ की प्रदेश अध्यक्ष उषा चंद्राकार के नेतृत्व में संगठन लगातार उच्च स्तर पर संवाद कर रहा है। इस अभियान में संगठन संरक्षक राकेश सिंह, संस्थापक विजय कोचेंद्र, मंजू उईके, रायपुर संभाग अध्यक्ष देवप्रसाद साहू एवं दुर्ग संभाग अध्यक्ष पंकज राठौर की सक्रिय भूमिका देखी जा रही है।
हाल ही में प्रदेश अध्यक्ष उषा चंद्राकार ने मुख्य स्वास्थ्य सचिव अमित कटारिया से नियमावली को लेकर दूसरे दौर की विस्तृत चर्चा की। इस दौरान योजना के क्रियान्वयन, अस्पतालों के पैनल, भुगतान प्रक्रिया और कर्मचारियों को मिलने वाली सुविधाओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। संगठन के अन्य पदाधिकारियों ने भी अपने सुझाव प्रस्तुत किए।
प्रदेश अध्यक्ष ने आग्रह किया कि बजट में घोषणा के बाद अब किसी प्रकार की देरी न करते हुए नियमावली को अंतिम रूप देकर इसे कैबिनेट में प्रस्तुत किया जाए।
इसी क्रम में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल से भी मुलाकात की गई, जिसमें राकेश सिंह, जिला संयोजक नंदकिशोर पटेल (सारंगढ़) सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। संघ ने मांग रखी कि योजना को आगामी कैबिनेट बैठक में प्राथमिकता के आधार पर पारित कर जल्द लागू किया जाए।
संघ के अनुसार वर्तमान प्रतिपूर्ति प्रणाली के कारण कर्मचारियों को इलाज के समय आर्थिक दबाव झेलना पड़ता है, जबकि कैशलेस व्यवस्था लागू होने से कर्मचारियों और उनके परिवारों को सीधे अस्पताल में बिना भुगतान के इलाज की सुविधा मिलेगी।
सरकार की ओर से भी इस विषय पर सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं और संभावना है कि 15 अप्रैल की कैबिनेट बैठक में इस योजना को मंजूरी मिल सकती है। यदि ऐसा होता है, तो यह प्रदेश के लाखों शासकीय कर्मचारियों के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय होगा।
अंत में उषा चंद्राकार ने विश्वास जताया कि सरकार कर्मचारियों की जरूरतों को समझते हुए जल्द निर्णय लेगी और कैशलेस चिकित्सा योजना को धरातल पर उतारेगी।


