सरपंच पैसा जमा करें या फिर जेल की हवा खाएं एसडीएम एक्शन में

सारंगढ़ ।पंचायतों के विकास के नाम पर करोड़ों की रकम हजम करने वालों की अब खैर नहीं सारंगढ़ के तेजतर्रार एसडीएम प्रखर चंद्राकर ने बड़ा एक्शन लेते हुए आधा दर्जन से ज्यादा गांव के पूर्व सरपंचों व सचिवों पर गिरफ्तारी वारंट तान दिया है। कारण काम ज़ीरो, खर्चा ही खर्चा और वो भी सरकारी पैसा । मामला है ग्राम पंचायतों में निर्माण कार्यों के नाम पर पैसा निकालने का, लेकिन जमीन पर ना तो कोई काम हुआ, ना कोई विकास। अब एसडीएम ने सीधे धारा 92 का हथौड़ा चलाया है । जिसका मतलब है, या तो पैसा वापस करो या फिर सीधे सिविल जेल की हवा खाओ । सबसे बड़ा झटका लगा गोडिहारी पंचायत के दौलतराम जायसवाल और हेमलता अरिले को इन पर कुल 27.65 लाख रुपये की वसूली बाकी है! दौलतराम ने जैसे-तैसे 5 लाख रुपये जमा किए और बाकी के लिए थोड़ा वक्त दो की अर्जी लगाई ,फिलहाल वारंट ढीला पड़ा है, लेकिन तलवार अब भी लटकी हुई है ।
विदित हो कि – गंजाईभौना, अमलीपाली , रेड़ा और जिल्दी पंचायत में भी मामला गरम है । रेड़ा पंचायत ने 4.86 लाख डकार लिए थे, अब 3 लाख लौटाए हैं । जिल्दी पंचायत में तो पूरे 20.64 लाख की उगाही का वारंट भेजा गया है । एसडीएम प्रखर चंद्राकर का साफ कहना है कि – अब या तो पैसा जमा करो, या फिर 30 दिन की छुट्टी सिविल जेल में तय मानो । जरूरत पड़ी तो संपत्ति, कागज, सब जब्त होगा , इस बार कोई रियायत नहीं । सारंगढ़ की गलियों में अब चर्चा गर्म है – कौन जाएगा जेल , कौन बचाएगा अपनी कुर्सी ? पंचायतों का ये सबसे बड़ा घोटाला अब धीरे-धीरे खुल रहा है और प्रशासन की नजर अब बाकी बकायादारों पर भी टिक गई है।


