
रायपुर, 21 अगस्त 2026
सीएससी की टेली-लॉ योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार और विधिक जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से गुरुवार को रेड क्रॉस सोसायटी, कलेक्टोरेट परिसर, घड़ी चौक रायपुर में टेली-लॉ जागरूकता सह कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम में न्याय विभाग, भारत सरकार की निदेशक नेहा गुप्ता मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं, जबकि अध्यक्षता कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार सिंह ने की। कार्यशाला में जिले के 102 विलेज लेवल एंटरप्रेन्योर (वीएलई) ने भाग लिया।
कार्यक्रम में सीएससी स्टेट हेड जयनारायण पटेल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए छत्तीसगढ़ में टेली-लॉ परियोजना के तहत किए जा रहे कार्यों और उपलब्धियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सीएससी के माध्यम से दूरस्थ एवं ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों को निःशुल्क विधिक परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है।
मुख्य अतिथि नेहा गुप्ता ने टेली-लॉ योजना की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए वीएलई से ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों में अधिक से अधिक नागरिकों को इस सेवा से जोड़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि तकनीक के माध्यम से लोगों को न्यायिक सेवाओं तक आसान और सुलभ पहुंच उपलब्ध कराना योजना का महत्वपूर्ण उद्देश्य है। उन्होंने वीएलई को आवश्यक प्रशिक्षण देने तथा जनहितकारी योजनाओं और सेवाओं की जानकारी आम नागरिकों तक पहुंचाने पर भी जोर दिया।
कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार सिंह ने कहा कि टेली-लॉ योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि प्रत्येक जरूरतमंद नागरिक तक समय पर विधिक सहायता पहुंच सके। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों में अटल सेवा केन्द्रों के माध्यम से विभिन्न नागरिक सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। टेली-लॉ की सुविधा को भी जन-जन तक पहुंचाकर ग्रामीण नागरिकों को अपने कानूनी अधिकारों और समस्याओं के समाधान के लिए सहज रूप से विधिक परामर्श उपलब्ध कराया जाना चाहिए।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी कुमार बिश्वरंजन ने सीएससी टीम और वीएलई के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सीएससी केन्द्रों के माध्यम से उपलब्ध डिजिटल सेवाएं ग्रामीण नागरिकों को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। डिजिटल माध्यम से नागरिकों तक विभिन्न सरकारी एवं जनहितकारी सेवाओं की पहुंच आसान हुई है।
क्या है टेली-लॉ योजना
टेली-लॉ भारत सरकार के न्याय विभाग की महत्वपूर्ण पहल है, जिसका उद्देश्य विशेष रूप से ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के नागरिकों को निःशुल्क कानूनी सलाह उपलब्ध कराना है। इसके तहत नागरिक अपने नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) के माध्यम से पैनल अधिवक्ताओं से वीडियो कॉल अथवा टेलीफोन के जरिए विधिक परामर्श प्राप्त कर सकते हैं।
टेली-लॉ के माध्यम से भूमि विवाद, पारिवारिक विवाद, घरेलू हिंसा, साइबर अपराध, श्रम संबंधी मामलों सहित विभिन्न कानूनी विषयों पर परामर्श उपलब्ध कराया जाता है। योजना का उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक सुलभ, समयबद्ध और निःशुल्क विधिक सहायता पहुंचाना है।
कार्यशाला के समापन पर सीएससी द्वारा संचालित जनहितकारी सेवाओं को अधिक से अधिक नागरिकों तक पहुंचाने का आह्वान किया गया। विशेष रूप से टेली-लॉ और टेली-मेडिसिन जैसी सेवाओं को गांव के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने तथा ग्रामीण नागरिकों को इनका अधिकतम लाभ दिलाने पर जोर दिया गया।


